NEXT 5 फरवरी, 2025। बैंड बाजों की धुन पर थिरकते श्रद्धालु, “जय जसनाथ जी महाराज, जय हँसोजी महाराज” के गगनभेदी जयकारों से गूंजता परिसर, एक तरफ हवन में वैदिक मंत्रोच्चारण के साथ यज्ञाहुति देते यजमान, दूसरी तरफ भगवत कथा का सजा भव्य पंडाल और भक्तों का लगा हुआ तांता। यह सब भव्य, आध्यात्मिक और मनोहर नजारा देखने को मिला गुरु हँसोजी महाराज के पवित्र धाम लिखमादेसर में। अवसर था भव्य प्रवेश द्वार का लोकार्पण समारोह का।








भामाशाह मोहनलाल सिंघी (समंदसर-श्रीडूंगरगढ़-कटक) द्वारा निर्मित इस भव्य द्वार के लोकार्पण में लिखमादेसर गांव के सैंकड़ों ग्रामीणों सहित कस्बे के सामाजिक गणमान्य लोग साक्षी बने। महंत भंवरनाथ के साथ पूर्व विधायक मंगलाराम गोदारा, भामाशाह मोहनलाल सिंघी और सरपंच प्रतिनिधि मुकननाथ ने द्वार का फीता खोलकर लोकार्पण किया। इस दौरान उपस्थित ने जसनाथजी महाराज और हँसोजी महाराज के जयकारे लगाए। आयोजकों द्वारा पुष्पवर्षा करके श्रद्धालुओं का स्वागत किया गया।


इससे पहले मंदिर में आराध्य हँसोजी महाराज को मोहनलाल सिंघी द्वारा लड्डू सवामणी का भोग लगाया गया। सामाजिक कार्यकर्ता और सिंघी के मित्र बजरंग सोमाणी ने सिंघी को न्यूयार्क से फोन पर बधाई दी।
समारोह में अणुव्रत समिति श्रीडूंगरगढ़ के अध्यक्ष सुमति पारख, नेता प्रतिपक्ष अंजू मनोज पारख, व्यापार मंडल से पवन राठी, शेखर दुगड़, भंवरलाल दुगड़, पूनमचंद सोमाणी, सिद्ध समाज युवा कार्यकर्ता भगवान नाथ कलवानिया, एमपी कलवानिया, नत्थुनाथ ज्याणी, पत्रकार शुभकरण पारीक, अशोक बैद, ओसवाल पंचायत अध्यक्ष विनोद भादानी, समन्दसर निवासी चंदू भाट पासहित सैकड़ों की संख्या में ग्रामीण मौजूद रहे।