NEXT 3 मार्च, 2025। प्रदेश के विद्युत वितरण निगमों की अध्यक्ष आरती डोगरा ने सोमवार को जोधपुर डिस्कॉम के बीकानेर संभाग में श्रीडूंगरगढ़ के बिग्गा और जोधासर स्थित जीएसएस (ग्रिड सब-स्टेशन) का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान उन्होंने व्यवस्थाओं का गहन परीक्षण किया और आवश्यक सुधार के निर्देश दिए। उन्होंने स्पष्ट किया कि विद्युत आपूर्ति में किसी भी प्रकार की लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

इसके बाद उन्होंने बीकानेर जोनल अभियंता कार्यालय में जोधपुर डिस्कॉम के अधिशाषी अभियंता स्तर के अधिकारियों की बैठक ली। उन्होंने निर्देश दिए कि सभी अधिशाषी अभियंता अपने-अपने क्षेत्रों के जीएसएस का निरीक्षण करें और सुनिश्चित करें कि आगामी ग्रीष्मकाल में आम उपभोक्ताओं को बिजली आपूर्ति में कोई समस्या न हो।
क्रॉस वेरिफिकेशन और अवैध ट्रांसफार्मरों पर सख्ती
डिस्कॉम्स अध्यक्ष ने कहा कि सभी जीएसएस की व्यवस्थाएं चाक-चौबंद होनी चाहिए। उन्होंने निर्देश दिए कि अगले महीने अजमेर और जयपुर डिस्कॉम के अभियंता जोधपुर डिस्कॉम के जीएसएस का क्रॉस वेरिफिकेशन करेंगे। यदि किसी जीएसएस पर अव्यवस्थाएं पाई गईं तो संबंधित अधिशाषी अभियंता की जिम्मेदारी तय की जाएगी।
डोगरा ने विद्युत छीजत की स्थिति की समीक्षा करते हुए इसे गंभीरता से लिया। उन्होंने निर्देश दिए कि विद्युत मीटर रीडिंग का क्रॉस वेरिफिकेशन किया जाए और यदि कहीं अवैध ट्रांसफार्मर पाया जाता है, तो उसे तुरंत हटाया जाए और संबंधित व्यक्ति के खिलाफ एफआईआर दर्ज करवाई जाए।
ग्रीष्मकाल की तैयारियों पर विशेष जोर
डिस्कॉम्स अध्यक्ष ने आगामी गर्मी के मौसम को देखते हुए फीडर सुधार कार्य प्राथमिकता से करने और मशीनरी को सक्रिय करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सभी स्तर के अभियंता फील्ड विजिट करें और नियमित फीडबैक लें।
उन्होंने यह भी कहा कि अधिशाषी अभियंता पीएम कुसुम प्लांट्स का नियमित निरीक्षण करें और फीडर पर होने वाली ट्रिपिंग की प्रतिदिन मॉनिटरिंग करें। साथ ही, संभाग में स्वीकृत 33 केवी जीएसएस के निर्माण कार्यों की प्रगति की भी समीक्षा की और इनके समयबद्ध क्रियान्वयन के निर्देश दिए।
नए कनेक्शन और खराब मीटर बदलने की प्रक्रिया तेज करने के निर्देश
बैठक में डोगरा ने कहा कि नए विद्युत कनेक्शन के आवेदन अनावश्यक रूप से लंबित नहीं रहने चाहिए और खराब मीटरों को प्राथमिकता से बदला जाए। उन्होंने दोहराया कि विद्युत आपूर्ति से जुड़े किसी भी कार्य में लापरवाही स्वीकार नहीं की जाएगी।
बैठक में निदेशक (तकनीकी) वी.के. छंगाणी, निदेशक (वित्त) ओ.पी. सीरवी, जोनल अभियंता के.के. कस्वां सहित संभाग के चारों जिलों के अधिकारी उपस्थित रहे।