NEXT 12 फरवरी, 2025। श्रीडूंगरगढ़ नगरपालिका की बुधवार को पालिकाध्यक्ष मानमल शर्मा की अध्यक्षता में बजट बैठक का आयोजन हुआ। इस कार्यकाल की अंतिम बजट बैठक हंगामें के साथ शुरू हुई और लगभग सवा घण्टे में पूरी हो गई जिसमें प्रतिपक्ष और पार्षदों के कई सवाल निरूत्तर रह गए। परन्तु वर्ष 2025-26 के लिए 178.45 करोड़ का बजट भी पारित हो गया। नेता प्रतिपक्ष सहित कुछ पार्षदों ने इस बजट को सिर्फ आंकड़ों का जाल बताया और कहा कि यह बजट धरातलीय बजट नहीं है। यह सिर्फ आमजन को गुमराह करने वाला आँकड़ा है।
बजट में वहीं बातें, वहीं वादे
178.45 करोड़ के इस बजट में 1.5करोड़ रुपये कच्चे जोहड़ के सौंदर्यीकरण के लिए प्रस्तावित हुए। इस पर पार्षद सोहनलाल ओझा ने तंज कसा और कहा कि इस जोहड़ पर हर वर्ष बजट पास होता है परंतु यह बजट इस पर नहीं लगता। वह जाता कहाँ है?
इसके साथ ही, ट्रैक्टर मरम्मत, डीजल खर्च के लिए 1 करोड़ रुपये और मशीनरी व वाहन क्रय करने के लिए 2.5 करोड़ का बजट पास हुआ।
पार्षदों ने रखे सुझाव और जताया रोष
बैठक में पार्षद विनोदगिरी गुसाईं ने ग्रीष्म ऋतु के आने से पहले ही पेयजल संकट से कस्बेवासियों को बचाने के लिए पालिका को पीएचईडी के अधिकारियों से समन्वय बैठाकर बात करने की नसीहत दी। साथ ही, गाड़िया लुहार और घुमन्तु परिवारों को भूमि आवंटन करने की मांग रखी। गुसाईं ने रोष जताते हुए कहा कि यह मांग कई बार रखी गई है परंतु पालिका की उदासीनता के चलते जरूरतमंद लाभान्वित नहीं हो रहे हैं।
4 नम्बर वार्ड के पार्षद नानूराम ने अपने वार्ड की सफाई व्यवस्था की बेहाली पर रोष जताया।
नेता प्रतिपक्ष अंजू पारख ने पालिका की अपनी जिम्मेदारी के प्रति उदासीनता पर आरोप लगाया। अंजू पारख ने कहा कि बजट सिर्फ आमजन को लुभाने के लिए बनाया गया है जो हकीकत से कोसों दूर हैं। इसके साथ ही पारख ने पालिका पर भेदभाव का आरोप लगाया।
बजट बैठक शुरू होने से पहले बनी हंगामे की स्थिति, धरने पर बैठे पार्षद
श्रीडूंगरगढ़ नगरपालिका की बजट बैठक शुरू होने से पहले ही हंगामे की भेंट चढ़ गई। बाद में आपसी समझाईश से वापिस शुरू हुई। दरअसल, पार्षद अरुण पारीक ने रोष जताते हुए कहा कि बजट बैठक से तुरंत पहले बजट का यह पत्र दिया है जो अब किस काम का है। यह पहले दिया जाना था ताकि पार्षद इसको पढ़कर आते। साथ ही पारीक ने तंज कसा तो ईओ अविनाश शर्मा तैश में आ गए और पार्षद को बैठक से बाहर निकालने की धमकी दे डाली। ईओ की इस बात पर मामला गरमा गया और पार्षद धरने पर बैठ गए और ईओ से माफी की मांग रखी। बाद में आपसी समझाईश से मामला शांत हुआ।
बैठक में पालिका उपाध्यक्ष बंशीधर सुथार, पार्षद जगदीश गुर्जर, सन्तोष बोहरा, एसआई हरीश गुर्जर, सूरजभान, जितेंद्र भोजक, विनोद व्यास सहित पार्षद व कार्मिक मौजूद रहे।