NEXT 2 अप्रैल, 2025। राज्य निर्वाचन आयुक्त डॉ. मधुकर गुप्ता ने कहा है कि पंचायती राज और नगरीय निकाय चुनाव पारदर्शी, समयबद्ध और न्यूनतम व्यय में कराने के लिए आयोग प्रतिबद्ध है। उन्होंने कहा कि जिला निर्वाचन अधिकारियों को चुनाव प्रक्रिया बैलेट पेपर या ईवीएम से कराने का अधिकार दिया गया है। कानून-व्यवस्था और स्थानीय परिस्थितियों को देखते हुए वे उचित माध्यम का चयन कर सकते हैं।

बुधवार को सर्किट हाउस में मीडिया से बातचीत के दौरान डॉ. गुप्ता ने बताया कि ईवीएम मशीनों के रखरखाव और परिवहन में बढ़ते खर्च को देखते हुए बैलेट पेपर से चुनाव कराना एक व्यावहारिक विकल्प है। उन्होंने कहा कि बढ़ती आबादी और जिलों की संख्या को ध्यान में रखते हुए पुनर्सीमांकन का कार्य जिला प्रशासन स्तर पर किया जा रहा है।
इस अवसर पर उप जिला निर्वाचन अधिकारी (पंचायत) रामावतार कुमावत ने बताया कि पंचायती राज संस्थाओं में 1 जून 2024 से 31 दिसंबर 2024 तक रिक्त पदों के लिए निर्वाचक नामावलियों का कार्य प्रारंभ कर दिया गया है। जिले में कुल 9,64,372 पुरुष और 8,82,200 महिला मतदाता हैं।