NEXT 29 जनवरी, 2025। श्रीडूंगरगढ़ क्षेत्र के 45 भामाशाहों ने 1-1 लाख रुपये एकत्रित कर कुल 45 लाख रुपये की लागत से पीबीएम अस्पताल के प्रसूति कक्ष का संवर्धन और सुसज्जन किया। महापुरुष समारोह समिति के तत्त्वावधान में आज सुबह इस प्रसूति कक्ष का लोकार्पण किया गया। कार्यक्रम का शुभारंभ माँ सरस्वती के समक्ष दीप प्रज्वलन और पुष्प अर्पण से हुआ।


मुख्य अतिथियों का सम्मान
कार्यक्रम में एसपी मेडिकल कॉलेज के प्रिंसिपल डॉ. गुंजन सोनी, मुख्य अतिथि राजस्थान गौरव भीखमचंद पुगलिया, वाइस प्रिंसिपल डॉ. नौरंग महावर, स्वागताध्यक्ष डॉ. स्वाति फलोदिया, महापुरुष समारोह समिति के अध्यक्ष श्रीगोपाल राठी, देशनोक नगरपालिका अध्यक्ष ओमप्रकाश मूंधड़ा, पीबीएम सुपरिटेंडेंट डॉ. पी. के. सैनी मंचस्थ रहे। समिति ने सभी भामाशाहों को शॉल और प्रशस्ति पत्र देकर सम्मानित किया और मंचस्थ अतिथियों को मोमेंटो और शॉल भेंट किए गए।



समिति की प्रशंसा, भामाशाहों का आभार
समिति मंत्री सुशील सेरडिया ने संस्था की प्रगति का ब्यौरा प्रस्तुत किया। समिति अध्यक्ष श्रीगोपाल राठी ने प्रसूति कक्ष के उन्नयन की रूपरेखा साझा करते हुए भामाशाहों का आभार व्यक्त किया। भामाशाह भीखमचंद पुगलिया ने कहा कि “चिंतन, निर्णय और क्रियान्वयन से ही समाज में विकास कार्य संभव होते हैं, और यह समिति इन तीनों का संगठित उदाहरण है।”

प्रसूति कक्ष की आवश्यकता पर जोर
डॉ. नौरंग महावर ने इस पहल को समाजहित में बताते हुए कहा कि इस प्रोजेक्ट का चार गुना लाभ मिलेगा। देशनोक पालिकाध्यक्ष ओमप्रकाश मूंधड़ा, पीबीएम सुपरिटेंडेंट डॉ. पी. के. सैनी ने भी विचार रखे। विजय महर्षि ने भामाशाहों का नामोल्लेख किया। कार्यक्रम में उपस्थित रामदेव बोहरा ने मौके पर एक लाख रुपये का सहयोग देने की घोषणा की।

प्रसूति कक्ष में सुविधाओं का विस्तार जरूरी
डॉ. गुंजन सोनी ने कहा कि इस प्रसूति कक्ष में प्रतिदिन 100 से अधिक प्रसव होते हैं, इसलिए यहां निरंतर विकास की आवश्यकता बनी रहती है। साथ ही, डॉक्टरों और मरीजों के बीच सहयोग और सद्भाव बनाए रखने पर भी जोर दिया गया, ताकि चिकित्सा सेवाएं सुचारू रूप से जारी रहें।

श्रीडूंगरगढ़ से पहुंचे सैंकड़ों सामाजिक कार्यकर्ता
कार्यक्रम में रामदेव बोहरा, सेसोमूं स्कूल के प्रमुख जगदीश मूंधड़ा, कांतिकुमार पुगलिया, सत्यव्रत पुगलिया, डॉ. चेतन स्वामी, कुम्भाराम घिंटाला, निर्मल पुगलिया, एडवोकेट जगदीश भाम्भू, भंवर भोजक, दीनदयाल तावनिया, पत्रकार अशोक पारीक, रमेश प्रजापत सहित कई गणमान्य नागरिक मौजूद रहे। संचालन शिक्षाविद विजयराज सेवग ने किया।