आरोप-ठेकेदार ने पोल-केबल उठा लिए, लेकिन नहीं लगाए; दो साल से एक नलकूप बंद, दूसरे के पानी में फ्लोराइड
NEXT 24 अगस्त, 2026 श्रीडूंगरगढ़। सरकार हर घर तक पानी पहुंचाने के लिए योजनाओं पर करोड़ों रुपए खर्च कर रही है, लेकिन सातलेरा गांव में ग्रामीण पेयजल के लिए टैंकरों पर निर्भर हैं। गांव का एक नलकूप दो साल से अधिक समय से बंद पड़ा है, जबकि दूसरे नलकूप से फ्लोराइडयुक्त पानी आने की शिकायत है। अब बंद नलकूप को शुरू करने के लिए महज तीन पोल और केबल लगाए जाने का इंतजार है। काम में हो रही देरी से ग्रामीणों का धैर्य जवाब देने लगा है।

ग्रामीणों के अनुसार स्कूल के सामने स्थित नलकूप की मोटर बार-बार जलने के बाद जलदाय विभाग ने घरेलू बिजली लाइन से पर्याप्त वोल्टेज नहीं मिलने को इसका कारण बताया था। इसके बाद नलकूप के लिए अलग विद्युत लाइन खींचकर ट्रांसफॉर्मर भी लगा दिया गया। अब ट्रांसफॉर्मर से नलकूप तक तीन पोल और केबल लगनी है। ग्रामीणों का आरोप है कि ठेकेदार पोल और केबल मौके पर ले जा चुका है, लेकिन इन्हें लगाने में लगातार लापरवाही बरती जा रही है।
ठेकेदार फोन नहीं उठा रहा, ग्रामीणों ने जताया रोष
सोमवार सुबह बड़ी संख्या में ग्रामीण नलकूप के पास पहुंचे और विभाग व ठेकेदार के खिलाफ रोष जताया। ग्रामीणों का आरोप है कि बार-बार फोन करने के बावजूद ठेकेदार फोन नहीं उठा रहा। ग्रामीणों ने चेतावनी दी कि यदि दो दिन में नलकूप शुरू नहीं हुआ तो जिला प्रशासन के समक्ष विरोध जताया जाएगा।
एक नलकूप बंद, दूसरे के पानी में फ्लोराइड
गांव में दो नलकूप हैं। इनमें से एक लंबे समय से बंद पड़ा है। वहीं दूसरे नलकूप के पानी में फ्लोराइड की मात्रा अधिक होने की बात ग्रामीणों ने कही। इसके बावजूद ग्रामीण इसी पानी से काम चला रहे थे। अब तकनीकी खराबी के कारण दूसरे नलकूप से भी पर्याप्त पानी नहीं मिल रहा है। इससे गांव में पेयजल संकट गहरा गया है।
पशुओं के लिए भी टैंकरों का सहारा
ग्रामीणों ने बताया कि पेयजल संकट के चलते घरों में पानी के टैंकर डलवाने पड़ रहे हैं। गांव के बेसहारा पशुओं और गौशाला के लिए भी दानदाताओं व आपणों गांव श्रीडूंगरगढ़ सेवा समिति की ओर से टैंकरों से पानी पहुंचाया जा रहा है।
बंद नलकूप की केबल चोरी, विभाग पर अनदेखी का आरोप
ग्रामीणों के अनुसार दो साल से बंद नलकूप की एक केबल भी अज्ञात व्यक्ति चोरी कर ले गया। इसकी सूचना विभाग को देने के बावजूद कार्रवाई नहीं हुई। ग्रामीणों ने कहा कि यदि इसी तरह नलकूपों की अनदेखी होती रही तो मोटर और पाइप भी चोरी हो सकते हैं। ग्रामीणों ने प्रशासन से मामले में तत्काल हस्तक्षेप कर नलकूप शुरू करवाने और गांव की पेयजल व्यवस्था सुचारू करने की मांग की है।























