NEXT 13 जुलाई, 2026 श्रीडूंगरगढ़। मानसून की बेरुखी से क्षेत्र के किसानों की चिंता बढ़ गई है। पिछले पखवाड़े हुई अच्छी बारिश के बाद किसानों ने मोठ, बाजरा और ग्वार की बुवाई बड़े उत्साह से की थी, लेकिन इसके बाद बारिश नहीं होने से अंकुरित फसलें सूखने लगी हैं। सिंचित क्षेत्रों में भी नमी की कमी से फसलों की बढ़वार प्रभावित हो रही है।

अच्छी पैदावार की उम्मीद में किसान इन दिनों खेतों में अगेती बाजरा और मोठ की फसल में नीनाण निकालने में जुटे हैं, ताकि बारिश होने पर फसल तेजी से बढ़ सके। हालांकि लगातार शुष्क मौसम ने किसानों के माथे पर चिंता की लकीरें खींच दी हैं।
सातलेरा गांव के किसान कमल कुमार जाखड़, मोटाराम, मामराज और कुंभाराम शर्मा ने बताया कि यदि 20 जुलाई तक अच्छी बारिश नहीं हुई तो बारानी खेती को बचाना मुश्किल हो जाएगा और फसलें नष्ट होने की स्थिति में पहुंच सकती हैं।
वहीं मौसम विभाग से कुछ राहत की उम्मीद भी है। 14 और 15 जुलाई को एक कमजोर मौसमी तंत्र सक्रिय होने से बीकानेर सहित आसपास के क्षेत्रों में हल्की बारिश की संभावना जताई गई है। इस दौरान 30 से 40 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं भी चल सकती हैं। हालांकि इसके बाद फिर मौसम के शुष्क बने रहने की संभावना व्यक्त की गई है।






















