NEXT 29 सितम्बर, 2026 श्रीडूंगरगढ़। लोकनायक लूणाराम सारण की 30वीं पुण्यतिथि पर मंगलवार को महर्षि दयानंद सरस्वती छात्रावास में श्रद्धांजलि सभा एवं प्रतिभा सम्मान समारोह हुआ। कार्यक्रम की शुरुआत सारण की प्रतिमा पर पुष्पांजलि, दो मिनट का मौन और सर्वधर्म समभाव प्रार्थना के साथ हुई।

विधायक ताराचंद सारस्वत ने कहा कि लूणाराम सारण किसान, मजदूर और गरीब वर्ग की आवाज थे। उनकी ईमानदारी और कर्तव्यनिष्ठा समाज के लिए मिसाल थी। उनके जीवन से प्रेरणा लेकर जनहित में कार्य करने की जरूरत है। उन्होंने कहा कि आज देश की बेटियां अंतरराष्ट्रीय स्तर पर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर रही हैं। क्षेत्र की बेटियों को भी मेहनत और लगन के साथ आगे बढ़ना चाहिए। शिक्षा के क्षेत्र में संसाधनों की कमी नहीं आने देंगे।
छात्रावास प्रबंधन समिति के अध्यक्ष एडवोकेट श्यामसुंदर आर्य ने कहा कि लूणाराम सारण के विचार आज भी समाज के लिए प्रासंगिक हैं। सर्वोदय समाज की विचारधारा के साथ समाजहित में शिक्षा का मजबूत आधारभूत ढांचा तैयार करने का प्रयास किया जा रहा है। सुशील सेरडिया ने सारण के जीवन एवं व्यक्तित्व पर प्रकाश डाला। युवा प्रतिभा वंदना गोदारा ने शिक्षा को लेकर विचार रखे।
सामान्य ज्ञान, भाषण व कविता प्रतियोगिता के विजेता सम्मानित
सारण की स्मृति में 27 सितंबर को आयोजित सामान्य ज्ञान, भाषण एवं कविता प्रतियोगिता में उत्कृष्ट प्रदर्शन करने वाले विद्यार्थियों को नगद पुरस्कार, प्रशस्ति पत्र और मोमेंटो देकर सम्मानित किया गया। 6 से 14 आयु वर्ग में दिलबाग प्रथम, सपना जाखड़ द्वितीय और प्रवीण जांगिड़ तृतीय रहे। 14 से 18 आयु वर्ग में अशोक भुंवाल प्रथम, आयुष भुंवाल द्वितीय और माया नैण तृतीय रहीं।
18 वर्ष से अधिक आयु वर्ग में पूजा सारण प्रथम, विक्रम भुंवाल द्वितीय तथा कंचन मोटसरा और मनोज स्वामी तृतीय रहे। भाषण एवं कविता प्रतियोगिता में गीता प्रथम, दिव्यांशी द्वितीय और गार्गी तृतीय रहीं।
कार्यक्रम में पूर्व विधायक गिरधारीलाल महिया, नगरपालिका उपाध्यक्ष विनोद गिरी गुसाईं, पूर्व प्रधान भागुराम सहू, सरपंच एसोसिएशन अध्यक्ष लक्षणराम जाखड़ सहित बड़ी संख्या में जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता, साहित्यकार एवं युवा मौजूद रहे। कार्यक्रम का संयोजन सुशील सेरडिया ने किया। छात्रावास अधीक्षक श्रवण कुमार भाम्भू एवं दयानंद सारण ने आभार जताया।


























