NEXT 20 जुलाई, 2026 श्रीडूंगरगढ़। राजस्थान में लंबे समय से अटके पंचायत और नगर निकाय चुनावों का रास्ता साफ होता नजर आ रहा है। राजस्थान हाईकोर्ट की सख्ती के बाद राज्य सरकार ने सोमवार को अदालत में चुनाव का प्रस्तावित शेड्यूल पेश कर दिया। सरकार ने बताया कि 17 अगस्त को नगर निकाय चुनाव और 23 सितंबर को पंचायत चुनाव की घोषणा की जाएगी। पहले निकाय चुनाव होंगे, उसके बाद पंचायत चुनाव कराए जाएंगे।
सुनवाई के दौरान हाईकोर्ट ने सरकार से चुनाव की तारीख स्पष्ट करने को कहा। इस पर सरकार ने चुनाव कार्यक्रम की जानकारी देते हुए बताया कि सभी तैयारियां तय समयसीमा के अनुसार पूरी की जाएंगी।
सरकार की ओर से स्वायत्त शासन विभाग के उपनिदेशक ने अदालत को बताया कि 16 जुलाई के हाईकोर्ट के आदेश की पालना में मुख्य सचिव की अध्यक्षता में बैठक आयोजित की गई। इसमें राज्य चुनाव आयोग, ओबीसी आयोग, स्वायत्त शासन विभाग और पंचायतीराज विभाग के अधिकारियों ने चुनावी प्रक्रिया की समीक्षा की।
बैठक में तय किया गया कि ओबीसी आयोग 5 अगस्त तक अपनी रिपोर्ट सौंपेगा। इसके बाद 15 अगस्त तक एससी, एसटी, ओबीसी और महिला आरक्षण के लिए लॉटरी निकाली जाएगी। आरक्षण प्रक्रिया पूरी होने के बाद राज्य चुनाव आयोग 90 दिनों के भीतर चुनाव संपन्न कराएगा।
यदि हाईकोर्ट सरकार के इस प्रस्तावित शेड्यूल को मंजूरी देता है तो 15 नवंबर तक प्रदेश में विभिन्न चरणों में पंचायत और निकाय चुनावों के लिए मतदान कराया जा सकता है।
गौरतलब है कि पंचायत चुनाव में देरी को लेकर गिर्राज सिंह देवंदा और निकाय चुनाव में देरी को लेकर पूर्व विधायक संयम लोढ़ा ने राजस्थान हाईकोर्ट में जनहित याचिकाएं दायर की थीं। इन याचिकाओं पर सुनवाई के दौरान सरकार ने चुनाव कार्यक्रम अदालत के समक्ष प्रस्तुत किया।

































