16 प्रतिभागियों ने दी प्रस्तुतियां, प्रमोद बोथरा प्रथम, तमन्ना झाबक द्वितीय व लेशांशी बरड़िया तृतीय
NEXT 20 सितम्बर, 2026 श्रीडूंगरगढ़। अभ्यास से विकास की ओर बढ़ने के उद्देश्य से तेरापंथ युवक परिषद् के निर्देशन में तेरापंथ किशोर मंडल की ओर से ‘उन्नयन’ कार्यशाला का आयोजन किया गया। सेवा केंद्र व्यवस्थापिका साध्वी लक्ष्यप्रभा के सान्निध्य में शनिवार रात हुई पहली कार्यशाला की थीम ‘संगीत सरिता’ रही।

कार्यशाला में 16 किशोरों ने उत्साह के साथ भाग लिया। प्रत्येक प्रतिभागी को अपनी प्रस्तुति के लिए 48 सेकंड का समय दिया गया। किशोरों ने जैन एवं तेरापंथ से संबंधित गीतों की प्रस्तुतियां देकर माहौल को भक्तिमय बना दिया।
प्रस्तुतियों का मूल्यांकन निर्णायक राजुदीन एवं विक्रम मालू ने किया। इसमें प्रमोद बोथरा ने प्रथम, तमन्ना झाबक ने द्वितीय और लेशांशी बरडिया ने तृतीय स्थान प्राप्त किया।
‘केवल स्वयं का नहीं, सभी के विकास की भावना’
साध्वी लक्ष्यप्रभा ने किशोर मंडल की सराहना करते हुए कहा कि यह टीम केवल स्वयं के विकास तक सीमित नहीं रहना चाहती, बल्कि सभी के विकास और दूसरों के उन्नयन की भावना के साथ आगे बढ़ रही है। उन्होंने किशोरों के उत्साह और प्रयासों की सराहना करते हुए निरंतर अभ्यास से प्रतिभा को निखारने की प्रेरणा दी।
कार्यक्रम के समापन पर तेरापंथ युवक परिषद् से पीयूष बोथरा, रजत सिंघी, चमन श्रीमाल एवं सुमित बरडिया ने निर्णायकों का सम्मान किया। संयोजक मुदित पुगलिया, सहसंयोजक ऋषभ झाबक, कार्यक्रम प्रभारी विशाल बोथरा, अजय बोथरा, हर्षित गोलछा एवं संयम भंसाली ने विजेताओं को पुरस्कार प्रदान किए। सभी प्रतिभागियों को सांत्वना पुरस्कार देकर उनका उत्साहवर्धन किया गया।
‘उन्नयन’ कार्यशाला के माध्यम से किशोरों को अपनी प्रतिभा पहचानने, नियमित अभ्यास से उसे निखारने और मंच पर आत्मविश्वास के साथ प्रस्तुत करने का अवसर दिया जा रहा है। आगामी कार्यशालाएं संभावित रूप से प्रत्येक शनिवार रात 8 बजे आयोजित की जाएंगी।


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